Uttarakhand Weather Alert: उत्तराखंड में मौसम ने एक बार फिर करवट ली है। देहरादून स्थित मौसम विज्ञान केंद्र ने राज्य के कई जनपदों के लिए खराब मौसम को लेकर चेतावनी जारी की है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, 27 मई से लेकर 31 मई 2026 तक राज्य के कई हिस्सों में गर्जन, आकाशीय बिजली और तेज झोंकेदार हवाओं का प्रकोप देखने को मिल सकता है।
आने वाले दिनों के लिए मौसम विभाग की प्रमुख चेतावनियां और प्रभाव:
- 27 से 31 मई तक अलर्ट: इन दिनों के दौरान राज्य के कई जनपदों में गर्जन के साथ आकाशीय बिजली चमकने और तेज हवाएं चलने का अनुमान है। मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि कहीं-कहीं बिजली गिरने से जान-माल की हानि हो सकती है। इसके अलावा, तेज हवाओं के कारण कच्चे और असुरक्षित मकानों को हल्का नुकसान पहुंच सकता है।
- 28 और 29 मई को ओलावृष्टि का खतरा: 28 मई और 29 मई को आंधी-तूफान के साथ ओलावृष्टि की भी संभावना जताई गई है। ओलावृष्टि से वृक्षारोपण, बागवानी और खेतों में खड़ी फसलों को नुकसान पहुँचने की आशंका है। इसके अलावा ओलावृष्टि से खुले में मौजूद लोगों और मवेशियों को भी चोट लग सकती है।
- 29 मई को भारी बारिश की चेतावनी: 29 मई 2026 को विशेष रूप से ‘भारी वर्षा और वर्षा के तीव्र दौर’ की चेतावनी दी गई है। इसके कारण संवेदनशील पहाड़ी इलाकों में भूस्खलन और चट्टान खिसकने की घटनाएं हो सकती हैं, जिससे राजमार्ग और संपर्क मार्ग अवरुद्ध हो सकते हैं। मैदानी और निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति उत्पन्न हो सकती है, जबकि पहाड़ी क्षेत्रों के नदी-नालों के जलस्तर में अचानक वृद्धि (अतिप्रवाह) देखने को मिल सकती है।
मौसम विभाग द्वारा आम जनता और किसानों के लिए जारी की गई सलाह (Advisory):
खराब मौसम को देखते हुए मौसम विभाग और प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने की अपील की है। इसके लिए निम्नलिखित एडवाइजरी जारी की गई है:
- किसानों के लिए: किसान अपनी कटी हुई उपज (यदि खेत में हो) को सुरक्षित स्थान पर रखें या उसे पॉलीथीन शीट से अच्छी तरह ढक दें। खेतों में जलभराव से बचने के लिए जल निकासी की उचित व्यवस्था करें।
- सुरक्षित स्थानों पर रहें: आंधी-तूफान और बिजली चमकने के दौरान घरों के अंदर ही रहें। घर की खिड़कियां और दरवाजे बंद रखें। किसी भी स्थिति में पेड़ों के नीचे शरण न लें।
- बिजली के सुचालकों से दूरी: आकाशीय बिजली के दौरान बिजली का संचालन करने वाली सभी वस्तुओं (जैसे धातु के खंभे, तार आदि) से पूरी तरह दूर रहें।
- मवेशियों की सुरक्षा: जानवरों को खुले में या पेड़ों के नीचे न बांधें। उन्हें खुले पानी के स्रोतों से भी दूर रखें और सुरक्षित स्थान पर ले जाएं।
- भूस्खलन और नदी-नालों से बचाव: भूस्खलन की आशंका वाले संवेदनशील पहाड़ी क्षेत्रों और छोटी नदियों/नालों के समीप रहने वाले लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। खराब मौसम में यात्रा करने से बचें और अपने वाहनों को सुरक्षित स्थानों पर ही पार्क करें।
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राज्य सरकार और संबंधित अधिकारियों को भी मौसम के इस बिगड़ते मिजाज को देखते हुए लोगों की सुरक्षा के लिए सभी आवश्यक एहतियाती कदम उठाने की सलाह दी गई है। आम जनता से अपील है कि वे मौसम विभाग की अद्यतन जानकारी लेते रहें और सतर्क रहें।

