Uttarakhand Weather Alert: मौसम विज्ञान केंद्र, देहरादून ने उत्तराखंड के लिए आगामी सात दिनों का मौसम पूर्वानुमान और पांच दिनों की जिला-स्तरीय चेतावनी जारी की है। विभाग के अनुसार, राज्य के कई हिस्सों में अगले कुछ दिनों तक गरज-चमक के साथ बारिश, ओलावृष्टि और तेज हवाओं का दौर जारी रहने की संभावना है।
आज (16 मार्च) का पूर्वानुमान और चेतावनी:
आज उत्तराखंड के पर्वतीय जिलों में तीव्र वर्षा के दौर होने की संभावना है। उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली, अल्मोड़ा, बागेश्वर और पिथौरागढ़ जिलों में कहीं-कहीं गरज के साथ आकाशीय बिजली चमकने और 40-50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से झोंकेदार हवाएं चलने का ‘येलो अलर्ट’ जारी किया गया है।
वहीं, मैदानी और निचले पहाड़ी इलाकों जैसे हरिद्वार, उधम सिंह नगर, देहरादून, टिहरी, पौड़ी, नैनीताल और चम्पावत में स्थिति अधिक गंभीर हो सकती है। यहाँ ओलावृष्टि, बिजली चमकने और 50-60 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज ‘झक्कड़’ हवाएं चलने की संभावना जताई गई है।
अगले 5 दिनों का हाल:
- 17 मार्च: राहत का दिन रहेगा। पूरे राज्य में मौसम मुख्य रूप से शुष्क रहने का अनुमान है और कोई चेतावनी जारी नहीं की गई है।
- 18 मार्च: एक बार फिर मौसम करवट लेगा। उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर और पिथौरागढ़ में गरज-चमक के साथ 40-50 किमी/घंटा की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं।
- 19 और 20 मार्च: इन दो दिनों में मौसम का मिजाज सबसे कड़ा रहने वाला है। राज्य के लगभग सभी जिलों में ओलावृष्टि (Hail), झक्कड़ हवाओं (Squall) और भारी बारिश का अलर्ट है। विशेष रूप से 20 मार्च को बागेश्वर और पिथौरागढ़ जिलों में ‘भारी वर्षा’ होने की चेतावनी दी गई है।
वर्षा का वितरण और तीव्रता:
मौसम विभाग के मानचित्र (मैप) के अनुसार, 16 से 22 मार्च के दौरान अधिकांश दिनों में वर्षा का वितरण ‘अनेक स्थानों’ (51-75%) से लेकर ‘अधिकांश स्थानों’ (76-100%) तक रहने की संभावना है। वर्षा की तीव्रता ‘हल्की से मध्यम’ (LM – 15.6 से 64.4 मिमी) के बीच रहने का अनुमान है।
सावधानी बरतने की सलाह:
तेज हवाओं और ओलावृष्टि के मद्देनजर, मौसम विभाग ने यात्रियों और स्थानीय निवासियों को सतर्क रहने की सलाह दी है। विशेष रूप से पर्वतीय क्षेत्रों में भूस्खलन और ओलावृष्टि से फसलों को होने वाले नुकसान के प्रति सचेत रहने को कहा गया है।
